लहसुन के चढ़े भाव, ग्राहकी पड़ी ठंडी

Bhilwara mandi प्याज से कीमतें घटने लगी तो लहसुन के भाव चढ़ गए। होटल व ढाबों में जायका बदलने लगा है। वहीं घरों के बजट पर मामूली असर पड़ सकता है।

सब्जी का व्यापार प्रभावित

मौसम में बदलाव से सब्जी का व्यापार प्रभावित हो रहा है। मौसम के साथ ही फसल व सब्जियों में रोग उभरने की आशंका किसानों की नींद उड़ा देती है। जिले में अक्टूबर में प्याज के दाम बीस रुपए से 60 रुपए किलो तक पहुंच गए थे, लेकिन अब कीमतें गिरने लगी है।अब लहसुन की कीमतें चढ़ रही है। बाजार में पुराने के साथ नया लहसुन आ गया, लेकिन कीमतें घटने के बजाए बढ़ रही है। इसके चलते ग्राहकी ठंडी है।

दीपावली से चढ़े भाव
लहसुन के भाव थोक मंडी में चढ़े तो फुटकर कारोबार भी प्रभावित हो रहा है। थोक विक्रेता सागर टिक्याणी ने बताया कि सब्जी एवं मसाले में अभी लहसुन का भाव दीपावली से लगातार चढ़ रहा है। दीपावली के बाद से अभी तक प्रति किलो चालीस रुपए तक भाव बढ़े है। फुटकर में अभी तीन सौ रुपए किलो बिक रहा है।

दो सौ रुपए से ढाई सौ रुपए किलो तक
थोक भाव दो सौ रुपए से ढाई सौ रुपए किलो है। मौसम में ठंडक, बारिश व रोग के कारण कीमतों पर असर आया है। लहसुन की आवक निम्बाहेड़ा, बेगूं, रतलाम से हो रही है। टमाटर के दाम भी चढ़े हुए है। हालांकि सावों में टमाटर व लहसुन की थोक में मांग है।

फुटकर में ग्राहकी सुस्ती

सब्जी विक्रेता नन्हे भैय्या बताते हैं कि थोक भाव बढ़े है तो फुटकर में भी तेजी आई है। अभी अस्सी रुपए से लेकर सौ रुपए पाव में बिक रहा है। दीपावली से पहले यह भाव तीस से अस्सी रुपए किलो ही था। थोक मंडी में अभी लहसुन की भाव बढ़े है। भाव बढ़ने से ग्राहकी भी सुस्त है।



source https://www.patrika.com/bhilwara-news/garlic-prices-rise-demand-cools-8608653/

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