आयकर के नए प्रावधानों में काफी विसंगतियां, दूर नहीं किया तो होगी परेशानी
भीलवाड़ा. आल इंडिया फेडरेशन ऑफ़ टैक्स प्रक्टिसनर्स एवं दी इंस्टिट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया तथा टैक्स बार एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में नेशनल कांफ्रेंस हरणी महादेव स्थित एक होटल में हुई।
कांफ्रेंस को-ऑर्डिनेटर अशोक जैथलिया ने बताया कि कांफ्रेंस तीन सत्रों में हुई। प्रथम सत्र में मुख्य वक्ता वाराणसी से आए जमुना शुक्ला ने धर्मार्थ और धार्मिक, सामाजिक और गैर सरकारी संगठन के लिए आयकर प्रावधान पर चर्चा करते हुए बताया कि नए प्रावधानों में काफी विसंगतियां हैं। उन्हें दूर नहीं किया गया तो धार्मिक एवं समजिक `संस्थाओं के लिए अपने उद्धाश्यों को पूरा करने में परेशानी आएगी। इस सत्र की अध्यक्षता अनिल माथुर ने की।
आईसीएआइ अध्यक्ष दिनेश आगाल ने बताया कि कोलकात्ता से आए पारस कोचर ने आयकर अधिनियम के तहत सर्वेक्षण खोज और जब्ती के साथ-साथ 148ए व 148 के तहत कार्रवाई के व्यावहारिक पहलू पर बताया कि इन प्रावधानों का काफी उपयोग किया जा रहा है। आयकर विभाग कर दाताओं के करवंचना को रोकने के लिए इस धरा में नोटिस जारी किए हैं। इन नोटिसों को करदाता के पक्ष में कैसे जवाब देवें इस पर क़ानूनी चर्चा कि गई।
टेक्स-बार एसोसिएशन के अध्यक्ष केसी तातेड ने बताया कि अमृतसर से आई आंचल कपूर ने जीएसटी अधिनियम के तहत ऑडिट, तलाशी, जब्ती और गिरफ्तारी को कवर करने वाला लिटिगेशन पर बताया कि जीएसटी में सर्वे व सर्च कब और क्यूँ होती हैं। व्यापारी को सुझाव देके इनसे कैसे बचा जा सकता हैं। कांफ्रेंस
में आरबीआई की ओर से दो हजार के नोट को चलन में प्रतिबंधित करने पर चर्चा की गई। इस आदेश से अर्थ व्यवस्था पर क्या प्रभाव पड़ेगा पर चर्चा करते हुए बताया कि आम जन को इसमें डरने की जरुरत नहीं है।
कार्यक्रम के उपाध्यक्ष शिव झंवर ने बताया कि कांफ्रेंस में राष्ट्रीय जॉइंट सेक्रेटरी हेमंत मोध, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अनिल माथुर के साथ एआईएफटीपी के कोषाध्यक्ष लक्ष्मण कश्यप एवं गौतम शर्मा, हेमंत गुप्ता, विपिन खंडेलवाल, एसके. रुंगटा, जोधपुर से संजीव जोहरी, चित्तोड़ से राकेश सिसोदिया, दिनेश नाटानी, केके मोदी, सुनील सोमानी, प्रदीप सोमानी, रेखा दरक, निर्भीक गाँधी, मुरली अटल, पुनीत मेहता, विनीत जैन, अवधेश सिंघवी, दिनेश सुथार आदि ने हिस्सा लिया। संचालन नविन वागरेचा ने किया।
कांफ्रेंस के अध्यक्ष जीपी सिंघल ने बताया कि कांफ्रेंस में अतिथियों का स्वागत किया गया। उपाध्यक्ष शिव झंवर ने बताया कि आईएफटीपी ने जीपी सिंघल को लाइफ टाइम अचिवमेन्ट अवार्ड दिया गया।
source https://www.patrika.com/bhilwara-news/many-discrepancies-in-the-new-provisions-of-income-tax-8254157/
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