बारिश में बिलों से निकले विषैले जीव, सात दिन में 10 को डसा
मानसून का आगाज हो चुका है। मानसून और उससे पहले हुई प्री मानसून ने भले ही गर्मी और उमस से राहत दिला दी लेकिन कई जगह आफत बनकर भी आई है। बारिश के कारण बिलों में पानी भरने और उमस के कारण विषैले जीव-जीव जंतु बाहर निकल आए। इससे अचानक सर्पदंश के मामले बढ़ गए।एक सप्ताह के भीतर ही सर्पदंश के दस मामले जिले के महात्मा गांधी अस्पताल समेत अन्य राजकीय अस्पतालों में सामने आ चुके हैं।
ऐसे में अब लोगों को इस मौसम में सावधानी बरतने की बेहद जरूरत है। शहर की अपेक्षा ग्रामीण क्षेत्रों से विषैले जंतुओं के काटने के मरीज अस्पतालों में पहुंच रहे हैं।
झाड़-फूंक के चक्कर में ना आए
सर्पदंश के बाद ग्रामीण अंधविश्वास के चलते झाड़-फूंक करने वालों के चक्कर में पड़ जाते है। इससे मरीज की जान पर बन आती है। ऐसा कभी नहीं करें। झाड़-फूंक कराने की बजाए सर्पदंश के तुरंत मरीज को अस्पताल पहुंचाया जाए। ताकी समय पर इलाज मिलने से उसकी जान बचाई जा सकें।
यह बरते सावधानी
- अंधेरे रास्ते पर नहीं जाए। जाना पड़े तो मोबाइल की टॉर्च जलाकर रास्ता देखें।
- झाड़-झंझाड़ में हाथ नहीं डाले। खेल रहे बच्चों को भी यह बात समझाएं।
- घर के आसपास कचरा एकत्र नहीं होने दें। कबाड़ का सामान भी हटाए।
- घरों में पेड़-पौधों के नीचे सफाई रखें। बाथरूम और शौचालय में घुसते समय सावधानी बरते।
- खेत में काम करते समय लम्बे जूते पहने, टॉर्च और लाठी साथ लेकर ही घर से निकल आए।
केस-01 : आंगन में खेलते बच्चे को सांप ने डसा
करेड़ा के पाटिया का खेड़ा में बारह साल का भैरूलाल कुमावत रात में घर के आंगन में खेल रहा था। आंगन में सामान के पीछे छिपे सांप ने काट लिया। बच्चे की चीख सुन परिजन करेड़ा अस्पताल लाए, जहां उसका उपचार हुआ। इससे पहले परिजनों ने सांप को भी मार दिया। मृत सांप को भी अस्पताल लेकर आए थे।
केस-02: बाथरूम में छिपा था, स्नान करते काटा
रायला निवासी राजसिंह शक्तावत (34) रात में बाथरूम में स्नान कर रहे थे। इस दौरान पानी से भरे दो सौ लीटर के ड्रम के पीछे सांप छिपा हुआ था। ड्रम से पानी लेने लगे को राजसिंह को सांप ने डस लिया। उसे पकड़ते उससे पहले भाग गया। राजसिंह ने परिजनों कोे बताया। उसे एमजीएच भर्ती कराया गया।
केस-03: अस्पताल में मरीज के बैड के नीचे छिपा
सांगानेरी गेट िस्थत राजकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में आउटडोर के समय आठ फीट का सांप घुस गया। अस्पताल में मरीजों और उनके परिजनों की भीड़ थी। सांप देखकर अफरा-तफरी मच गई। वाइल्ड एनिमल रेस्क्यू सेन्टर सचिव कुलदीपसिंह राणावत वहां पहुंचे और मरीज के बेड के नीचे से सांप को रेस्क्यू किया।
source https://www.patrika.com/bhilwara-news/in-the-rain-poisonous-creatures-came-out-of-the-bills-10-were-bitten-7645536/
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