रीट परीक्षा: डाक्टरों के अवकाश पर लगाई रोक

भीलवाड़ा।
राजस्थान अध्यापक पात्रता परीक्षा (रीट-2021) का आयोजन रविवार को होगा। रीट परीक्षा लगभग 3 साल बाद आयोजित हो रही है। राज्य में लगभग 16.5 लाख अभ्यर्थी इसमें अपना भाग्य आजमा रहे हैं। भीलवाड़ा जिले में दोनों पारियों में लगभग 33-33 हजार परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे। दूर जिले से आने वाले अभ्यर्थियों का आना शुरू हो चुका है और कुछ शनिवार तक आएंगे। इसके साथ ही 25, 26 और 27 जब तक विद्यार्थी जाएंगे तब तक रीट का महासंग्राम हर स्तर पर होगा। भीलवाड़ा में इसके सफलतापूर्वक आयोजन के लिए प्रशासन समेत सभी विभागों ने कमर कस ली है। रीट परीक्षा को लेकर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने अपनी पूरी तैयारी कर ली है। जिले के सभी चिकित्सकों के अवकाश पर रोक लगा दी गई है। वही जिले के सभी सरकारी व निजी चिकित्सालय 24 घंटे के लिए खुले रहेंगे। शहर की सभी 9 डिस्पेंसरी पर भी डाक्टर व नर्सिंग स्टॉफ मौजूद रहेगा।
सीएमएचओ ने बताया कि जिला मुख्यालय, ब्लॉक मुख्यालय व सभी चिकित्सा संस्थान रविवार को 24 घण्टे के लिए खुले रहेंगे। जिले के 124 परीक्षा केन्द्रों पर 2-2 चिकित्सा कार्मिक नियुक्त किए गए है। चिकित्सा कार्मिकों को थर्मल स्केनर उपलब्ध करवाया जाएगा। परीक्षा में भाग लेने वाले प्रत्येक परीक्षार्थी के लिए मास्क व सेनेटाइजर की व्यवस्था की गई है। परीक्षा देने आने वाले को अपना मास्क केन्द्र के बाहर की खोलना होगा। उसे दूसरा मास्क चिकित्सा विभाग की ओर से उपलब्ध कराया जाएगा। ताकि किसी भी तरह की नकल करने की आंशका को रोका जा सके।
अस्पताल में सभी डाक्टर मुस्तैद रहेंगे। इसके अलावा 25 बेड की व्यवस्था की गई है। जरुरत पडऩे पर इनकी संख्या बढ़ाई जा सकती है। दो एम्बुलेंस के साथ चिकित्सा दल का भी गठन किया गया है।
---
पूरे दिन खुले रहेंगे जिलेभर के हॉस्पिटल
हर परीक्षा केन्द्र पर कोविड हैल्थ सहायक लगाए जाएंगे। हर ब्लॉक मुख्यालय पर एक एम्बुलेंस व मेडिकल टीम, शहर में एम्बुलेंस व मेडिकल टीम इमरजेंसी सेवा के लिए तैयार रहेगी। परीक्षा के दिन सभी हॉस्पिटलों को अलर्ट मोड पर रहने के आदेश दिए हैं, जो दिन भर खुले रहेंगे। परीक्षा के पहले से बाद तक सभी हॉस्पिटलों में कार्मिकों की ड्यूटी रहेगी।
डॉ. मुस्ताक खान, सीएमएचओ
-----
इमरजेंसी अलर्ट
एमजीएच अस्पताल में इमरजेंसी अलर्ट मोड पर रहेगी। जरूरत पर अतिरिक्त टीम को तत्काल बुलाया जा सकेगा। साथ ही जरूरी दवाइयां भी हाथों-हाथ इमरजेंसी में ही मिल सकेगी। विशेष व्यवस्थाओं के तहत मेडिकल बोर्ड व टीम तैयार रहेगी।
डॉ. अरुण गौड़, अधीक्षक एमजीएच



source https://www.patrika.com/bhilwara-news/reet-exam-ban-on-doctors-leave-in-bhilwara-7087435/

Comments

Popular posts from this blog

भीलवाड़ा के 70 वार्डो में पड़े मत प्रतिशत की स्थिति

भीलवाड़ा का हर दसवां शख्स रोजाना खाता है कचौरी

श्रुत पंचमी पर जिनवाणी की निकाली शोभायात्रा